रेल कोच फैक्‍टरी में कोविड के खिलाफ अभियान जारी

कपूरथला (समाज वीकली) (कौड़ा)-  रेल कोच फैक्‍टरी,कपूरथला में कोरोना के खिलाफ अभियान जन आंदोलन के रूप में व्‍यापक स्‍तर पर चलाया जा रहा है।इस अभियान के तहत सार्वजनिक स्‍थलों पर मास्‍क पहनने, दूसरों से कम से कम दो गज की दूरी बनाये रखने और अपने हाथों को नियमित रूप से और अच्‍छी तरह साबुन और पानी से धोने की सावधानियॉं के बारे में निरंतर जागरूक किया जा रहा है। सभी सावधानियों के प्रचार और प्रसार के लिए जनतक सूचना प्रणाली के तहत सभी  सार्वजनिक स्‍थलों पर लाउड स्‍पीकर से प्रचारित किया जा रहा है। आर सी एफ में विभिन्‍न स्‍थानों पर कोविड – 19 के प्रसार को रोकने संबंधी  आवश्‍यक सावधानियॉं वाले पोस्‍टर बैनर भी लगाये गये हैं।  कोरोना का कोई भी कन्‍फर्म केस पाए जाने पर उस व्‍यकित को  कालोनी में ही आइसोलेट किया जा रहा है तथा मैडिकल विभाग द्वारा कड़ी निगरानी में देख रेख की जा रही है। इसके अलावा कही बाहर से आने वाले निवासियों को भी क्‍वारानटाइन किया जा रहा है।

 

कोरोना के संभावित रोगियों की पहचान के लिए प्रति सप्‍ताह  लगभग 100 कोरोना टेस्‍ट किये जा रहे हैं।  कोरोना वैकसीन लगाने के अभियान की शुरूआत 4 फरवरी से शुरू हो चुकी है और अब तक  मैडिकल विभाग के 164 कर्मचारियों का पहले चरण का टीकाकरण किया जा चुका है।  28 दिन के बाद उन्‍हें दूसरा वैकसीन दिया जायेगा। अगले सप्ताह से अन्‍य विभागों के कर्मचारियों को वैकसीन देने की प्रक्रिया शुरू की जायेगी।

कोरोना के खिलाफ व्‍यापक स्‍तर पर चलाये जा रहे अभियान के बारे में महाप्रबन्‍धक श्री रवीन्‍द्र गुप्‍ता ने कहा कि  कोरोना को अगर हराना है तो हमे बिना ढिलाई किए कुछ सावधानियॉं बरतनी होगी जैसे -मास्‍क पहनना साबुन से  हाथ धोना और 2 गज की आपसी  दूरी बनाये रखना इत्‍यादि। ये वो बातें हैं, जो हम सुनते रहते हैं, लेकिन कुछ लोग इनका पालन  करने से लापरवाही करते हैं जिससे अपनी और अपने करीबियों की जि़ंदगी को खतरे में डालते हैं। इसलिए आवश्‍यक है कि  सावधानियों का गंभीरता से पालन करें। श्री गुप्‍ता ने कहा कि आर सी एफ ने कोरोना के खिलाफ लड़ाई बहुत गंभीरता से लड़ी है और इसी का परिणाम है कि आर सी एफ में इसकी संक्रमण दर बहुत ही कम है तथा  कोरोना  की स्थिति के बावजूद आर सी एफ  पिछले वर्षों की तुलना मे अधिक उत्‍पादन दर प्राप्‍त  किया तथा कई नए डिब्‍बों को डिजाइन तथा निर्माण किया।